........................................................................................................ शनि, कालसर्प, मंगलदोष, पितृदोष एक झटके में खत्म, बस शर्त ये हैं जिसके कारण यह कुछ राशियों को शुभ फल देता है तो कुछ राशियों को अशुभ फल देता है और अगर आध्यात्मिक की दृष्टि से देखा जाए तो ग्रहण काल का समय साधकों के लिए किसी प्रकार के https://bridal-makeup37150.blog-eye.com/39825070/not-known-facts-about-fast-result-aur-ground-level-siddhi-mani-jaati-hai-ye-mantra-vedic-sanskrit-ki-kathin-bhasha-mein-nahi